कौशाम्बी। जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी के द्वारा बुधवार को 8.30 बजे रात्रि में संयुक्त जिला चिकित्सालय, मंझनपुर कौशाम्बी का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के समय केवल डा0 एस0के0 शुक्ला, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक एवं कुछ मेडिकल स्टाॅफ उपस्थित मिले। इमरजेंसी में एक जूनियर रेजीडेंट डा0 अम्बुज एवं लेबर रूम में एक जूनियर एवं एक सीनियर रेजीडेंट गायनकोलाॅजिस्ट उपस्थित थे। इसके अतिरिक्त चिकित्सालय में एनेस्थिस्ट, सर्जन, पीड्रियाटीशियन, फिजीशियन, आर्थोपैडिक डाॅक्टर सभी अनुपस्थित रहे। निरीक्षण के समय डा0ए0के0 सिंह, फिजीशियन उपस्थित हुए। इन चिकित्सकों के उपस्थित न रहने के सम्बन्ध में पूॅंछे जाने पर सी0एम0एस0 द्वारा बताया गया कि आवश्कता पड़ने पर आॅनकाल बुलाया जाता है, जिस पर काॅल करके आधे घण्टे तक प्रतीक्षा की गयी, किन्तु कोई भी चिकित्सक आॅनकाल उपस्थित नही हुए। यह स्थिति अत्यन्त असंतोषजनक है, इस स्थिति से यह परिलक्षित हुआ कि चिकित्सक जिला मुख्यालय में आवासित न होकर प्रयागराज या अन्यत्र निवास करते है। रात्रि. ड्यूटी पर एवं आॅनकाल अनुपस्थित चिकित्सकों को कारण बताओं नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।
एन0आर0सी0 सेंटर का निरीक्षण किया गया, जहाॅं पर छोटे बच्चे रखे गये हैं, जिनमें कई लो-वेट के हैं, इन पर विशेष ध्यान देने हेतु ड्यूटी पर उपस्थित एटेंडेंट को निर्देशित किया गया कि लो-वेट बेबी की समुचित देखभाल करें ताकि वे जल्दी इन्प्रूव करके अपने घर जा सकें।
वन स्टाप सेंटर का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के समय वन स्टाप सेंटर में 10 लड़कियां थीं, आज एक नया केस आया है। निरीक्षण के समय ड्यूटी पर 03 लोग जिनमें एक काउन्सर, एक महिला एवं एक पुरूष होमगार्ड उपस्थित रहे। जिला प्रोबेशन अधिकारी को निर्देशित किया गया कि वन स्टाप सेंटर की समुचित साफ-सफाई का विशेष ध्यान देते हुए सभी कार्य मानक एवं गुणवत्ता के अनुरूप ही सम्पादित किए जायें। प्रोबेशन अधिकारी कल तक यह रिपोर्ट देंगे कि इस वन स्टाप सेंटर में विगत वर्ष में प्राप्त/आवंटित बजट के सापेक्ष व्यय की क्या स्थिति रही?
रिपोर्ट :कामता प्रसाद चौरसिया


